मोगा में किसानों की समस्याओं को लेकर सेमिनार आयोजित, किसान नेता राकेश टिकैत पहुंचे
मोगा में किसानों की समस्याओं पर बड़ा सेमिनार, राकेश टिकैत ने उठाए MSP और खेती संकट के मुद्दे
मोगा के एक निजी पैलेस में आज भारतीय किसान यूनियन (लाखोवाल) की ओर से किसानों की समस्याओं को लेकर एक महत्वपूर्ण सेमिनार आयोजित किया गया। इस सेमिनार में किसान नेता राकेश टिकैत के साथ भारतीय किसान यूनियन (लाखोवाल) के नेता हरिंदर सिंह लाखोवाल सहित कई अन्य किसान नेता भी पहुंचे। सेमिनार के दौरान किसानों की विभिन्न समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई। मीडिया से बातचीत करते हुए राकेश टिकैत ने बताया कि इस सेमिनार का मुख्य उद्देश्य खेती से जुड़ी समस्याओं और फसल की बुवाई से संबंधित मुद्दों पर समाधान निकालना है। उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम में कृषि विशेषज्ञ भी मौजूद हैं, जो किसानों को उनकी समस्याओं के समाधान के लिए सुझाव देंगे। उन्होंने बताया कि किसान अपनी फसल मंडियों में लेकर जाते हैं, लेकिन उन्हें उचित मूल्य नहीं मिल रहा। कई स्थानों पर सरकार द्वारा फसलों की खरीद भी नहीं की जा रही, जिससे किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। इसके अलावा पंजाब में गिरते जल स्तर को लेकर भी चिंता जताई गई और इसे बचाने के उपायों पर चर्चा की गई। राकेश टिकैत ने कहा कि वर्तमान परिस्थितियों, जैसे संभावित युद्ध जैसी स्थिति, के चलते खाद और खाद की कमी हो सकती है, जिससे खेती प्रभावित हो सकती है। उन्होंने यह भी बताया कि पंजाब कृषि प्रधान राज्य होने के बावजूद यहां के किसान सबसे अधिक कर्ज में डूबे हुए हैं और उन्हें इस स्थिति से बाहर निकालने के लिए ठोस कदम उठाने की जरूरत है। उन्होंने रासायनिक खेती के बढ़ते इस्तेमाल पर चिंता जताते हुए कहा कि किसानों को वैकल्पिक और प्राकृतिक खेती की ओर बढ़ना चाहिए। साथ ही उन्होंने गेहूं और धान के अलावा अन्य फसलों की खेती को बढ़ावा देने की आवश्यकता पर जोर दिया। टिकैत ने आरोप लगाया कि पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में किसानों को उनकी फसलों का सही दाम नहीं मिल रहा, जिसके चलते किसान आंदोलन करने को मजबूर हैं। उन्होंने कहा कि MSP (न्यूनतम समर्थन मूल्य) को लेकर किसान संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन सरकार इस पर चुप्पी साधे हुए है।
उन्होंने यह भी कहा कि हाल ही में बारिश के कारण गेहूं और आलू की फसल को काफी नुकसान हुआ है और सरकार को इसकी भरपाई करनी चाहिए। साथ ही उन्होंने दावा किया कि MSP पूरे देश में लागू होने के बावजूद मंडियों में फसलों की सरकारी खरीद नहीं हो रही। अंत में, उन्होंने LPG गैस संकट को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि इस समस्या के लिए सरकार जिम्मेदार

