जालंधर। संयुक्त किसान मोर्चा (गैर राजनीतिक) के प्रमुख नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल सोमवार को जालंधर पहुंचे, जहां परागपुर के पास किसानों ने उनका जोरदार स्वागत किया। उन्होंने बताया कि कन्याकुमारी से कश्मीर तक निकाली जा रही यात्रा को देशभर में व्यापक समर्थन मिल रहा है और कई जत्थेबंदियां उनकी मांगों के समर्थन में साथ जुड़ रही हैं। पंजाब सरकार के हालिया बजट पर प्रतिक्रिया देते हुए डल्लेवाल ने इसे “वोटरों को लुभाने वाला” करार दिया। महिलाओं के खातों में 1000 रुपये देने की घोषणा पर उन्होंने कहा कि यह कदम चुनावी रंग से प्रेरित है और इससे किसानों की मूल समस्याओं का समाधान नहीं होगा। उनके अनुसार, बजट में किजालंधर पहुंचे किसान नेता जगजीत डल्लेवाल: बोले- पंजाब के चुनावी बजट में किसानों के लिए कुछ नहीं, कानून-व्यवस्था पर भी उठाए सवाल
संवाद न्यूज एजेंसी
जालंधर। संयुक्त किसान मोर्चा (गैर राजनीतिक) के प्रमुख नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल सोमवार को जालंधर पहुंचे, जहां परागपुर के पास किसानों ने उनका जोरदार स्वागत किया। उन्होंने बताया कि कन्याकुमारी से कश्मीर तक निकाली जा रही यात्रा को देशभर में व्यापक समर्थन मिल रहा है और कई जत्थेबंदियां उनकी मांगों के समर्थन में साथ जुड़ रही हैं। पंजाब सरकार के हालिया बजट पर प्रतिक्रिया देते हुए डल्लेवाल ने इसे “वोटरों को लुभाने वाला” करार दिया। महिलाओं के खातों में 1000 रुपये देने की घोषणा पर उन्होंने कहा कि यह कदम चुनावी रंग से प्रेरित है और इससे किसानों की मूल समस्याओं का समाधान नहीं होगा। उनके अनुसार, बजट में किसानों के लिए ठोस प्रावधानों की कमी है। कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर भी उन्होंने राज्य सरकार को घेरा। डल्लेवाल ने कहा कि पंजाब में हालात चिंताजनक हैं और आए दिन गोलीबारी व हत्याओं की घटनाएं सामने आ रही हैं, लेकिन बजट में कानून-व्यवस्था सुधारने के लिए कोई ठोस योजना नहीं दिखाई देती। उन्होंने केंद्र सरकार पर भी आरोप लगाते हुए कहा कि खेती को किसानों के हाथों से निकालकर बड़े कॉरपोरेट घरानों को सौंपने की कोशिश की जा रही है। उनका दावा है कि देश की 60 फीसदी आबादी खेती से जुड़ी है और ऐसी नीतियां किसानों के अस्तित्व पर सवाल खड़ा करती हैं। डल्लेवाल ने स्पष्ट किया कि उनकी यात्रा का उद्देश्य किसानों की आवाज को राष्ट्रीय स्तर पर मजबूती से उठाना है।
मनमोहन सिंहसानों के लिए ठोस प्रावधानों की कमी है। कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर भी उन्होंने राज्य सरकार को घेरा। डल्लेवाल ने कहा कि पंजाब में हालात चिंताजनक हैं और आए दिन गोलीबारी व हत्याओं की घटनाएं सामने आ रही हैं, लेकिन बजट में कानून-व्यवस्था सुधारने के लिए कोई ठोस योजना नहीं दिखाई देती। उन्होंने केंद्र सरकार पर भी आरोप लगाते हुए कहा कि खेती को किसानों के हाथों से निकालकर बड़े कॉरपोरेट घरानों को सौंपने की कोशिश की जा रही है। उनका दावा है कि देश की 60 फीसदी आबादी खेती से जुड़ी है और ऐसी नीतियां किसानों के अस्तित्व पर सवाल खड़ा करती हैं। डल्लेवाल ने स्पष्ट किया कि उनकी यात्रा का उद्देश्य किसानों की आवाज को राष्ट्रीय स्तर पर मजबूती से उठाना है।
मनमोहन सिंह

