मोगा के कस्बा धर्मकोट के अंतर्गत गांव बाजेके में स्थित एक अवैध नशा छुड़ाओ केंद्र से रविवार को 5 मरीज दीवार फांदकर फरार हो गए। फरार होते समय उन्होंने रास्ते में एक राहगीर से इनोवा गाड़ी छीन ली और मौके से भाग निकले। मोगा पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए इनोवा गाड़ी समेत एक व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया। साथ ही अवैध नशा छुड़ाओ केंद्र को सील करके 8 युवकों को बाहर निकालकर सरकारी डी-एडिक्शन सेंटर में दाखिल करवाया। नशा छुड़ाओ केंद्र के संचालक और उनके एक साथी पर मामला दर्ज किया।
इस संबंध में जानकारी देते हुए धर्मकोट थाना प्रभारी लक्ष्मण सिंह ने बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि धर्मकोट से ढोलेवाला रोड पर स्थित इस स्थान पर कुछ लोग युवकों को नशा छुड़ाने के नाम पर बंदी बनाकर रख रहे हैं। सूचना के आधार पर पुलिस ने तुरंत छापा मारा। जांच में पता चला कि उक्त स्थान पर बिना किसी लाइसेंस के डी-एडिक्शन सेंटर चलाया जा रहा था, जहां कई युवकों को उनकी इच्छा के विरुद्ध बंद करके रखा गया था। इस मामले में नशा छुड़ाओ केंद्र के मालिक कुलजीत सिंह निवासी शांति नगर, मोगा और ऋषि टंडन निवासी धर्मकोट के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने तहसीलदार और जिला प्रशासन की मौजूदगी में 8 युवकों को वहां से बाहर निकालकर सरकारी डी-एडिक्शन सेंटर में भर्ती करवाया। इसी नशा छुड़ाओ केंद्र से रविवार सुबह 5 युवक पहले भी फरार हो गए थे। फरारी के दौरान उन्होंने गुलशन कुमार नामक व्यक्ति से इनोवा गाड़ी छीन ली थी। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए इनोवा गाड़ी के साथ गुरजीत सिंह निवासी लुधियाना को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि बाकी फरार युवकों की तलाश जारी है। फिलहाल पुलिस मामले की गहन जांच में जुटी हुई है

