। पंजाब सरकार के कथित कर्मचारी विरोधी रवैये के खिलाफ पंजाब सांझा मुलाजिम एवं पेंशनर्स फ्रंट ने आंदोलन को और तेज करने का ऐलान किया है। 12 और 13 सितंबर को कैबिनेट मंत्रियों के घेराव के बाद अब फ्रंट की ओर से 20 सितंबर को कैबिनेट मंत्री हरदीप सिंह मुंडियां के आवास का घेराव किया जाएगा। इस संबंध में तैयारियों को लेकर जगराओं के नछत्तर सिंह हाल में विभिन्न कर्मचारी एवं पेंशनर संगठनों के नेताओं की बैठक हुई।
बैठक में जगराओं क्षेत्र से बड़ी संख्या में कर्मचारियों और पेंशनरों को 20 सितंबर के घेराव कार्यक्रम में शामिल करवाने का निर्णय लिया गया। नेताओं ने कहा कि सरकार की ओर से कर्मचारियों और पेंशनरों की मांगों को लेकर अपनाए जा रहे कथित अड़ियल रवैये के खिलाफ संघर्ष को गांव-गांव और विभाग स्तर तक तेज किया जाएगा।
बैठक में डेमोक्रेटिक टीचर्स फ्रंट, सांझा पेंशनर फ्रंट, पंजाब रोडवेज पेंशनर जत्थेबंदी, रोडवेज इंप्लाइज यूनियन, पटवार यूनियन, हेल्थ कर्मचारी तथा बिजली कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधि शामिल हुए। इनमें परमजीत दुग्गल, हरदीप सिंह, राणा आलमदीप, हरप्रीत मलिक, गुरशरण सिंह, परमजीत सिंह, अशोक भंडारी, जसवंत सिंह कलेर, अवतार सिंह गगड़ा, बलविंदर सिंह, सुखविंदर सिंह, बलजीत सिंह और जोगिंदर आजाद आदि मौजूद रहे।
पुरानी पेंशन स्कीम को लेकर सरकार पर निशाना
बैठक के दौरान नेताओं ने पुरानी पेंशन स्कीम बहाल करने की मांग को लेकर पंजाब सरकार पर निशाना साधा। नेताओं ने आरोप लगाया कि सरकार पुरानी पेंशन बहाल करने के बजाय इस मांग को दबाने या टालने के लिए अलग-अलग तरीके अपना रही है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों और पेंशनरों की मांगों का स्थायी समाधान किए बिना आंदोलन को रोकना संभव नहीं होगा।
आगूओं ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने अपना कथित अड़ियल रवैया नहीं छोड़ा और कर्मचारियों-पेंशनरों की मांगों पर ठोस कदम नहीं उठाए तो संघर्ष को और व्यापक किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ने पर विधायकों के आवासों के बाहर भी मार्च और प्रदर्शन किए जाएंगे।

