हलवारा और आसपास इलाके में भारी बारिश हो रही है,तेज हवायें चल रही हैं, किसानों का कहना है कि धान की फसल को लगे हल्दी रोग से बचाव के लिये बारिश फायदेमंद है लेकिन पक चुकी फसल का कुछ नुकसान हो सकता है, खासकर बासमती किस्म के झाड़ में कमी का अंदेशा है, अगर बारिश दो या तीन दिन होती रही तो बाकी धान की पकी फसल को भी नुकसान होने की संभावना है, हाल फिलहाल हल्दी रोग से बचाव से जहां फायदा होगा वहीं पक चुकी फसलों को थोड़ा नुकसान हो सकता है, इलाके में कई जगह तेज हवायें चलने से फसल खेतों में बिछ गई है जिसकी कटाई में भी मुश्किल आयेगी, एतिआणा के किसान गुरमीत सिंह गिल,महंत चमकौर दास और राजिंदर सिंह धालीवाल ने बताया कि बारिश और तेज हवाओं के कारण फसल की कटाई में 10 दिन की देरी हो सकती है वहीं झाड पर भी प्रतिकूल असर पड़ेगा, कंबाइन की मांग बढ़ने से इसके खर्च में भी बढ़ोतरी हो जायेगी और मंडियों में एक दम से फसल के ज्यादा मात्रा में आने से खरीद भी प्रभावित होगी

